मुगल वंश ( जहीरुद्दीन मुहम्मद बाबर )

मुगल वंश ( जहीरुद्दीन मुहम्मद बाबर )

मुगल वंश 1526 ई. – 1857 ई. 

जहीरुद्दीन मुहम्मद बाबर

  • मुगल साम्राज्य का संस्थापक बाबर था।
  • इसका जन्म फरगना में 1483 ई. में हुआ था।
  • बाबर पितृवंश की ओर से तैमूर वंश का 5वां एवं मातृवंश की ओर से चंगेज खां का चौदहवां वंशज था।
  • 1494 में उमर शेख मिर्जा की मृत्यु के बाद यह फरगना का शासक बना। फरगना की राजधानी अन्दीजान थी।
  • 1507 में इसने बादशाह की उपाधि धारण की।

बाबर का भारतीय अभियान

  • मध्य एशिया की राजनीति की असफलता ने बाबर को भारत में आक्रमण करने के लिए प्रेरित किया।
  • बाबर पानीपत के प्रथम युद्ध के पहले भारत पर चार अभियान किया।
  • प्रथम अभियान 1519 में हुआ जब इसने सीमा के दो स्थल बाजौर और भेरा को जीत लिया।
  • बाजौर के युद्ध में बाबर ने सर्वप्रथम तोपों का प्रयोग किया।
  • दूसरा अभियान भी 1519 में हुआ जब इसने पेशावर को जीता।
  • तृतीय अभियान 1520 में हुआ, इस बार इसने स्यालकोट एवं सैयदपुर को जीता।
  • चौथा अभियान 1524 में हुआ जब इसने लाहौर और दीपालपुर को जीतकर पंजाब में प्रवेश किया।

बाबर द्वारा लड़े गए युद्ध 

पानीपत का प्रथम युद्ध (21 अप्रैल 1526)

  • 1525 में पंजाब पर अधिकार करने के बाद बाबर दिल्ली की ओर प्रस्थान किया, इसकी सूचना पाकर इब्राहिम लोदी भी पानीपत की ओर प्रस्थान किया।
  • 21 अप्रैल को पानीपत के मैदान में युद्ध हुआ, इसमें इब्राहिम लोदी पराजित हुआ और मारा गया।
  • इस युद्ध के बाद लोदी वंश का अंत हुआ और मुगल वंश की स्थापना हुई।
  • इस युद्ध में पहली बार बाबर ने तुलगमा युद्ध नीति के साथ तोपों का प्रयोग किया।
  • इसके बाद बाबर ने दिल्ली और आगरा पर अधिकार कर लिया।

खानवा का युद्ध (1527)

  • 1527 में यह युद्ध मेवाड़ के शासक राणा सांगा और बाबर के बीच लड़ा गया।
  • इस युद्ध का कारण बाबर का भारत में रहने का निश्चय था।
  • खानवा के युद्ध में इब्राहिम लोदी का चचेरा भाई महमूद लोदी राणा सांगा की तरफ से युद्ध किया।
  • बाबर ने अपनी सेना का मनोबल बढ़ाने के लिए जिहाद (धर्मयुद्ध) का नारा दिया।
  • इस युद्ध में बाबर विजयी हुआ और गाजी की उपाधि धारण की।

चन्देरी का युद्ध (1528)

  • यह युद्ध चन्देरी के शासक मेदिनीराय तथा बाबर के बीच लड़ा गया।
  • इस युद्ध में मेदिनीराय पराजित हुआ और चन्देरी पर बाबर का अधिकार हो गया।
  • इस युद्ध में शेरशाह बाबार की तरफ से भाग लिया था।

घाघरा का युद्ध (1529)

  • यह युद्ध बाबर और इब्राहिम लोदी के चचेरे भाई महमूद लोदी के बीच लड़ा गया।
  • महमूद लोदी इस युद्ध में पराजित हुआ और भाग गया।
  • मध्यकालीन भारत का यह पहला युद्ध था जो जल और स्थल दोनों में लड़ा गया।
  • भारत में बाबर की सफलता का मुख्य कारण उसका तोपखाना था।
  • बाबर भारत का पहला मुस्लिम शासक था जिसने बादशाह की उपाधि धारण की।
  • बाबर ने गज-ए-बाबरी नामक एक माप की इकाई का प्रचलन किया।
  • बाबर ने तुर्की भाषा में तुज्क-ए-बाबरी (बाबरनामा) नाम से अपनी आत्मकथा लिखी।
  • 1530 में बीमारी के कारण आगरा में बाबर की मृत्यु हो गई तथा इसे काबुल में दफनाया गया।

बाबर द्वारा भारत में लड़े गये प्रमुख युद्ध  —

युद्ध वर्ष   किसे पराजित किया
1. पानीपत का प्रथम युद्ध  1526 ई. इब्राहिम लोदी को
2. खानवा का युद्ध 1527 ई. राणा सांगा को
3. चन्देरी का युद्ध 1528 ई. मेदिनीराय को
4. घाघरा का युद्ध 1529 ई. महमूद लोदी को

इने भी पढ़े —

Reasoning Notes 

Biology Notes

Polity Notes

Physics Notes


 

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